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'No one should know that we are here.' But why? Because I wish that when I am with you, no one can disturb us & no one can find us.

रात रूहानी....

रात रूहानी  है सितारों से भरा है आसमां सारा, तुम इजाज़त दो अगर तो अपने, दिल की बात कह दूं, आपकी दिलकश अदाओं ने, जादू मुझपर ऐसा कर दिया, भूल गया हूं सब कुछ, तुम्हारे अलावा मुझे कुछ याद नहीं, हवा का झोका बड़ा इतरा रहा है, जुल्फों को तुम्हारी मेरे करीब ला रहा है, तुम्हारे चेहरे के नूर देखकर, चांद भी घबरा रहा है, कहो तो तुम्हारे गुलाबी होटों चूम कर, अपनी दिल की मुराद पूरी करलूँ....

If love could fly

If love could fly, then the whole sky would be full of love birds, whenever someone looked in the sky, he would see only love birds flying everywhere. Everyone wants to catch them but no one is able to catch them.

ग़म किस बात का

ग़म किस बात का है दिल मेरे बता मुझे, मुझसे अलग तेरी ख्वाइश क्या है, एक बार मुझे समझा तो सही...

समझ में नहीं आता,

समझ में नहीं आता, के वो हमसे नज़रे क्यों चुराने लगे है, क्यों वो मुझसे कतराने लगे हैं, मुझपार ऐतबार करते थे कभी, आज वो नज़रंदाज़ करने लगे हैं, कभी चाहत हुआ करते थे मेरी वो, मगर आज वो कुछ पराए से लगने लगे है, मोहब्बत को मेरी आजमाने लगे हैं, प्यार करते हमसे और हमे ही सताने लगे हैं, कभी कभी यकीन नही होता मुझे, कुछ भी समझ में नहीं आता...

शहर जैसे....

शहर जैसे, मेहतवकांशा से भरा हुआ एक घड़ा हो जैसे, अपनो की भीड़ में भी अकेलापन का एहसास कराता हुआ, शहर को देखा तो लगा जैसे  किसी दौड़ का हिस्सा हो, एक दूसरे इंसान को पीछे छोड़ने की होड़ करता हुआ, शहर जैसे आम आदमी का धैर्य परखता हुआ, शहर जैसे मासूमों का बचपन छिनता हुआ जैसे, गरीबों का खून चूसता हुआ खटमल हो जैसे, शहर जैसे किसी के सपनो को डसता हुआ सांप, शहर जैसे दूसरो की सफलता से जलता और ईर्ष्या करता हुआ।

Going on a solo trip is like

Going on a solo trip is like,  giving myself freedom to see and understand the world, give wings to my dream journey, which i will be able to live and feel in my own way. i will be able to see all the places i want to go.

कभी कभी मन मेरा....

कभी-कभी मन मेरा विचलित हो जाता है, जब मैं कुछ दृश्य ऐसे देखता हूं ज़िंदगी में अपनी, जैसे जल का व्यर्थ में बहना जबकि जल को जीवन कहते है, खाने का अनादर करते देखकर लोगो को और उससे कचरे में फेंकते हुए, जबकि दुनियां के कई लोग खाली पेट लिए सोते हैं हर रात एक सपना संजोए के आज नही तो कल उनको खाली पेट नही सोना पड़ेगा, दिखावा पैसे का करते हुए उससे अपने शौक पूरे करने में, जबकि आधे से ज्यादा लोग इससे वंचित हैं, और उससे अर्जन करने के लिए लगातार प्रयास करते रहते हैं, इंसानियत को शर्मशार होते हुए देखता हूं तो मेरी अंतर आत्मा भी कर्रहा जाती है, खुले विचारों का होना कोई गलत बात नही आज के समय में पर संस्कारों का तिलस्कार होते हुए देखता हूं, तहज़ीब तो मैं समाज में छोटे परिवारों में देखता हूं, लाखो में एक व्यक्ति ऐसा होता है जो मांगता नही कुछ भी पर आदर सत्कार का भूखा होता है, देखता हूं जब समाज में स्त्री को अपमानित, कलंकित और उनसे दुर्व्यवहार होता हुआ वहां जहां पूजा जाता है स्त्री को देवी के रूप में तो मन मेरा विचलित हो जाता है, तड़पता देखता हूं जब किसी बेजुबान को दर्द से मेरी आंखे नम हो जाती है और, मुझसे...