मोहोब्बत में तुम्हारी हम, Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps October 17, 2021 मोहोब्बत में तुम्हारी हम,प्यासे के प्यासे ही रह गए,ज़रा कुछ सीखो बादलों से,बरस पड़ता है जब उसका,दिल करता है धरती की,प्यास बुझाने के लिए...... Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps Comments
Bachpan, April 24, 2022 बचपन से ख्वाइशे बहुत है इस दिल में जिन्हें बहलाना अब मुश्किल हो गया, जबसे होश संभाला है मैंने तबसे मेरा हर ख़्वाब अधूरा सा लगता है मुझको... Read more
ज़रे-ज़रे की कर्ज़दार है ज़िंदगी August 24, 2025 ज़रे-ज़रे की कर्ज़दार है ज़िंदगी, तेरे इश्क़ की तलबगार है ज़िंदगी, टूटे ख़्वाबों की सौग़ात है ज़िंदगी, हर सहर एक नई तलाश है ज़िंदगी। Read more
Comments
Post a Comment